Headlines

शिक्षा से बदलेगा जमुई का भविष्य, 400 उत्कृष्ट शिक्षक हुए सम्मानित।

नक्सलवाद के बाद अब शिक्षा को विकास का सबसे बड़ा पैमाना बनाने की जरूरत : जिला पदाधिकारी।

जमुई, 13 सितंबर 2026।जमुई स्थित शकुंतला रॉयल हेरिटेज हॉल में रविवार को प्राइवेट स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन के तत्वावधान में भव्य एवं गरिमामयी शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ जिला पदाधिकारी, पुलिस अधीक्षक एवं एसोसिएशन के अध्यक्ष ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।समारोह में शिक्षा और समाज निर्माण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले जिले के करीब 400 उत्कृष्ट शिक्षकों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक, जिला शिक्षा पदाधिकारी तथा जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (प्राथमिक शिक्षा एवं समग्र शिक्षा) समेत शिक्षा जगत से जुड़े कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।शिक्षा ही बनेगी जमुई के विकास की नई पहचानसमारोह को संबोधित करते हुए जिला पदाधिकारी ने कहा कि जमुई के विकास में शिक्षा की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। नक्सलवाद के उन्मूलन के बाद अब जिले के सर्वांगीण विकास और प्रगति का सबसे बड़ा पैमाना शिक्षा बन चुकी है। आने वाले समय में शिक्षा ही जमुई के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव तैयार करेगी।उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में सरकारी और निजी विद्यालयों के बीच भेद करने का कोई औचित्य नहीं है। शिक्षा का उद्देश्य और महत्व समान है, चाहे वह सरकारी विद्यालय में मिले या निजी संस्थान में। जिले के विकास में दोनों क्षेत्रों की भूमिका महत्वपूर्ण है और साझा प्रयासों से शिक्षा की गुणवत्ता को और बेहतर बनाया जा सकता है।किताबी ज्ञान के साथ कला और रचनात्मकता पर भी जोरजिला पदाधिकारी ने प्राइवेट स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन से आह्वान किया कि विद्यालयों में विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान तक सीमित न रखा जाए। बच्चों में रचनात्मकता, गायन, वादन, नृत्य, संगीत एवं अन्य कलात्मक प्रतिभाओं को विकसित करने पर भी विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि उनका सर्वांगीण विकास हो सके।उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य को दिशा देने और समाज के नवनिर्माण में शिक्षकों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। ऐसे गुरुजनों को सम्मानित करने की एसोसिएशन की पहल सराहनीय है।निजी स्कूलों को 15 दिनों में APAAR ID पूरा करने का निर्देशकार्यक्रम के दौरान जिला पदाधिकारी ने प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक सुदृढ़ एवं पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से जिले के सभी निजी स्कूल संचालकों एवं निदेशकों को महत्वपूर्ण निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आगामी 15 दिनों के भीतर अपने-अपने विद्यालयों में विद्यार्थियों की APAAR ID बनाने की प्रक्रिया शत-प्रतिशत पूरी करना सुनिश्चित करें।उन्होंने निजी विद्यालयों को सरकारी विद्यालयों की तर्ज पर विद्यार्थियों की APAAR ID निर्माण प्रक्रिया को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया।अंत में जिला पदाधिकारी ने सम्मानित सभी शिक्षकों, विद्यालय संचालकों एवं कार्यक्रम आयोजकों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। समारोह ने जिले में शिक्षा के प्रति बढ़ती प्रतिबद्धता और सरकारी-निजी विद्यालयों के बीच बेहतर समन्वय का संदेश दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *