
जमुई में जिला पदाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित ‘उद्योग समाधान समीक्षा’ बैठक में अधिकारियों एवं उद्योग प्रतिनिधियों के साथ समस्याओं की समीक्षा करते हुए।
जमुई। जिले में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने और उद्योगों की लंबित समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से बुधवार को जिला पदाधिकारी की अध्यक्षता में “उद्योग समाधान समीक्षा” बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न औद्योगिक इकाइयों द्वारा उठाए गए भूमि, एनओसी एवं अन्य प्रशासनिक मामलों पर तत्काल कार्रवाई करते हुए कई समस्याओं का ऑन-द-स्पॉट निपटारा किया गया।बैठक में अपर समाहर्ता, भूमि उपसमाहर्ता, जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं विभिन्न औद्योगिक इकाइयों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। समीक्षा का मुख्य उद्देश्य जिले में संचालित एवं प्रस्तावित उद्योगों के समक्ष आ रही प्रशासनिक, भूमि संबंधी तथा तकनीकी बाधाओं को दूर कर निवेश और रोजगार के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करना था।बैठक के दौरान लांगटा बाबा प्राइवेट लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने उद्योग स्थापना के लिए भूमि अधिग्रहण में आ रही कठिनाइयों से जिला पदाधिकारी को अवगत कराया। इस पर जिला पदाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को स्थलीय निरीक्षण कर आपसी समन्वय के साथ समस्या का समाधान 15 अगस्त 2026 तक हर हाल में सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।वहीं अंकुर बायोकेम एथॉर्नॉल प्राइवेट लिमिटेड द्वारा अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) लंबित रहने का मामला उठाया गया। जिला पदाधिकारी ने संबंधित फाइलों की तत्काल समीक्षा कर मौके पर ही आवश्यक निर्णय लेते हुए एनओसी से जुड़ी सभी लंबित अड़चनों का समाधान कर दिया।बैठक में जिला पदाधिकारी ने औद्योगिक विकास को गति देने के लिए एक महत्वपूर्ण नीतिगत निर्णय भी लिया। उन्होंने जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक को निर्देश दिया कि अब प्रत्येक माह के द्वितीय बुधवार को जिला स्तर पर “उद्योग समाधान समीक्षा” बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाएगी। इन बैठकों में उद्योगों से जुड़े लंबित मामलों की समीक्षा कर उनका समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि निवेशकों को प्रशासनिक स्तर पर अनावश्यक विलंब का सामना न करना पड़े और जमुई जिले में औद्योगिक विकास को नई गति मिल सके।
